सिरौलीगौसपुर के दुल्हादेपुर स्थित श्री राम जानकी मंदिर बजरंग व्यायामशाला में आयोजित धार्मिक कार्यक्रम में पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने जातिवाद और बाजार में बढ़ती मिलावटखोरी पर चिंता जताई। मंच से उन्होंने कहा कि देश में लोग जातियों में बंटते जा रहे हैं और अब जातियों के भीतर भी उप-जातियां बन रही हैं, जिनका उद्देश्य केवल व्यक्तिगत लाभ है।
विडंबना यह रही कि जिस समाज को जातियों से ऊपर उठाने की बात कही गई, उसी समाज की राजनीति वर्षों से जातीय समीकरणों पर ही टिकी रही है। ऐसे में सवाल उठना लाज़मी है कि जब राजनीति की बुनियाद ही जातिगत गणित पर खड़ी हो, तो मंच से दिया गया एकता का संदेश कितना दूर तक जाएगा।
पूर्व सांसद ने मिलावटखोरी को “जहर” करार देते हुए लोगों से शुद्ध दूध के लिए एक-एक गाय पालने की अपील की। उन्होंने कहा कि बड़ी गाय संभव न हो तो कम दूध देने वाली देशी गाय ही पालें। सुझाव नेक है, लेकिन बढ़ती महंगाई, सीमित संसाधन और शहरी जीवनशैली के बीच हर परिवार के लिए यह कितना व्यवहारिक है—इस पर भी चर्चा जरूरी है।
उन्होंने पनीर सहित अन्य उत्पादों की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए और शुद्धता बनाए रखने का आह्वान किया।
कार्यक्रम हलवानी गुरु बाबा हरिशंकर दास की पुण्यतिथि पर बाबा बलराम दास द्वारा आयोजित किया गया। छठे दिन वरिष्ठ नागरिक सम्मान समारोह और वस्त्र वितरण का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों महिलाओं को साड़ियां और पुरुषों को अंगवस्त्र भेंट किए गए। इसके बाद प्रसाद भोजन वितरित किया गया।
पूर्व सांसद दोपहर करीब 12:30 बजे हेलीकॉप्टर से कार्यक्रम स्थल पहुंचे, जहां समर्थकों ने भव्य स्वागत किया। उन्होंने मंदिर में पूजा-अर्चना भी की।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे, जिनमें राहुल चौहान, रवि सिंह, प्रहलाद कुमार विमल, कुलदीप सिंह, सौरभ दास, अयोध्या हनुमानगढ़ी के महंत मनीराम दास, अमन दास, श्रवण दास सहित कई गणमान्य व्यक्ति शामिल थे।
अब देखने वाली बात यह होगी कि यह संदेश भीड़ की तालियों तक सीमित रहता है या सचमुच लोगों की सोच और व्यवहार में बदलाव ला पाता है।
Post a Comment